यूपी उपचुनाव हारने का बीजेपी पर बड़ा असर, राज्यसभा से वापिस लिए दो नाम

0
552

यूपी उपचुनाव हारने का असर अब बीजेपी के केद्रीय सत्ता में दिखने लगा है | उत्तर प्रदेश और बिहार में बीते दिनों संपन्न हुए उपचुनाव में भारतीय जनता पार्टी को 3 संसदीय सीटों और 2 विधानसभा सीटों पर हार का सामना करना पड़ा। अब इसका असर यह हो रहा है कि आगामी राज्यसभा चुनाव के लिए भाजपा ने दो उम्मीदवारों के नाम वापस ले लिए हैं। उत्तर प्रदेश की 10 राज्यसभा सीटों पर चुनाव हो रहे हैं। भाजपा ने 11 प्रत्याशियों को मैदान में उतारा था। हालांकि हार के बाद भाजपा के 2 प्रत्याशियों ने अपना नामांकन वापस ले लिया है। इसमें विद्यासागर सोनकर और सलिल विश्नोई का नाम शामिल है। हालांकि अभी भी भाजपा की 9 उम्मीदवार इस चुनाव मैदान में हैं। बता दें कि 403 विधायकों वाली उत्तर प्रदेश विधानसभा में भाजपा के 324 विधायक है। जिसके जरिए भाजपा 8 लोगों को राज्यसभा आसानी से भेज सकती है। लेकिन भाजपा ने 3 अन्य उम्मीदवार सपा और बसपा का खेल बिगाड़ने के लिए खड़ा किया।

 Losing the UP bypoll is a major impact on BJP

राजनीतिज्ञो का आकड़ा – मौजूदा चुनावी नतीजों के बाद यह माना जा रहा है कि राज्य से भाजपा 8, सपा का एक उम्मीदवार आसानी से राज्यसभा जा सकता है। हालांकि 10वीं सीट पर बसपा के भीमराव आंबेडकर के लिए मुश्किलें कम नहीं हुई हैं। सदन में बसपा के कुल 19 विधायक हैं। इसके साथ ही कांग्रेस के 7, रालोद और निषाद के 1-1 विधायक भी बसपा को समर्थन देने का ऐलान कर चुके हैं। अगर यही समीकरण मतदान वाले दिन भी रहा तो भीमराव आंबेडकर सदन में पहुंच सकते हैं। राजनीतिक समीक्षकों का मानना है कि भाजपा, बसपा के उम्मीदवार को सदन में ना पहुंचने देने के लिए अखिलेश के चाचा शिवपाल यादव से संपर्क में है। हालांकि मौजूदा उपचुनाव के परिणामों के बाद ऐसा कम ही लग रहा है कि शिवपाल, अखिलेश के खिलाफ जाएंगे। जानकारों की मानें की अगर शिवपाल ने कोई बड़ा कदम नहीं उठाया तो बसपा के उम्मीदवार भीमराव राज्यसभा पहुंच सकते हैं।

World bank's comment on gst worries modi and arun jaitly

कुछ जगह बेहतर –

जाहिर है की बीजेपी उपचुनाव हारने के बाद केंद्रे स्थिति बदलती नजर आ रही है तो वही कुछ जगह स्थिति बेहतर है | राजस्थान में दस राज्यसभा सीटो में पहली बार सभी बीजेपी के पास है और इस पर अमित शाह और प्रदेश मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने ख़ुशी जाहिर की है | तो वही एमपी में भी सबसे अधिक बीजेपी के सदस्य ही राज्यसभा पहुचे है जिससे अच्छी खबर कहा जा सकता है | आपको बता दे की उपचुनावों में हार की चर्चा पूरे देश में है और हर कोई इन नतीजो को लेकर हैरान है क्योकि 19 राज्यों में सरकार और यूपी में 325 सीटें हासिल कर चुकी बीजेपी आखिर ऐसे कैसे चित हो सकती है |

Previous articleश्री देवी की मृत शरीर के साथ बोनी कपूर ने 3 घंटे तक की यह हरकत, सच्चाई जानकार आपके रोंगटे खड़े हो जायेंगे।
Next articleबीजेपी की मुश्किलें बढी, अब इस सहयोगी पार्टी ने भी बदले अपने सुर, चंद्रबाबू ने भी अरुण जेटली पे लगाया आरोप

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here